अनुकूल मौसम और चीनी माँग के कारण भारत में रेपसीड की बुवाई रिकॉर्ड ऊँचाई पर
06 Nov, 2025
इस साल रेपसीड और उससे संबंधित सरसों के संयुक्त बुआई क्षेत्र में 7% से 8% की वृद्धि होने की उम्मीद है।
पंजाब के बाढ़ग्रस्त किसानों के लिए पीएयू की बड़ी पहल: गेहूं और सरसों के उन्नत बीजों का निःशुल्क वितरण शुरू
05 Nov, 2025
पंजाब एग्रीकल्चरल यूनिवर्सिटी (PAU), लुधियाना ने बाढ़ से प्रभावित किसानों की मदद के लिए एक बड़ा कदम उठाते हुए गेहूं और गोभी सरसों की उन्नत किस्मों के बीज वितरण अभियान की शुरुआत की है।
धान से आगे बढ़ें: पीएयू ने किसानों से कहा – तिलहनी फसलों की खेती और प्रोसेसिंग से कमाएं ज्यादा मुनाफा
05 Nov, 2025
पंजाब एग्रीकल्चरल यूनिवर्सिटी (PAU) के स्किल डेवलपमेंट सेंटर ने किसानों को खेती में विविधता लाने के लिए प्रेरित करते हुए “तिलहनी फसलों की खेती और प्रोसेसिंग” पर पांच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम
सरकार बजट सत्र में कड़े बीज कानून लाने की तैयारी में: कृषि मंत्री
31 Oct, 2025
उन्होंने कहा कि आनुवंशिक रूप से संशोधित बीजों की अनुमति नहीं है और बेहतर किस्मों के विकास के लिए अनुसंधान जारी है।
शिवराज सिंह चौहान ने खरीफ 2025-26 के लिए चार राज्यों में दलहन-तिलहन खरीद को ₹15,095 करोड़ की मंजूरी दी
29 Oct, 2025
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि ये मंजूरियां किसानों को उनकी फसल का बेहतर मूल्य दिलाने और उनकी आय के संरक्षण के लिए दी गई हैं।
क्लीन सीड और महिंद्रा की साझेदारी से भारत में शुरू हुआ स्मार्ट सीडर मिनी-मैक्स™ का पूर्ण पैमाने पर उत्पादन
29 Oct, 2025
इसकी पेटेंट तकनीक बीज और उर्वरक अपशिष्ट को कम कर कृषि लाभप्रदता बढ़ाती है। शून्य-जुताई कार्यक्षमता से यह पराली जलाने की आवश्यकता समाप्त करती है और जल संरक्षण व ग्रीनहाउस गैसों में कमी सुनिश्चित करती ह
दिल्ली प्रदूषण: क्लाउड सीडिंग की विफलता पर केजरीवाल ने केंद्र सरकार पर साधा निशाना, कहा- "सारे इंजन फेल हैं"
29 Oct, 2025
केजरीवाल ने सोशल मीडिया पर दिए अपने बयान में कहा कि इस सरकार के सभी इंजन फेल हैं और सरकार पूरी तरह से विफल साबित हो रही है।
भाकृअनुप–आईएआरआई क्षेत्रीय केन्द्र, करनाल में “प्रशिक्षण एवं बीज वितरण कार्यक्रम” का सफल आयोजन
29 Oct, 2025
बीजों, पोषक तत्व प्रबंधन और वैज्ञानिक पद्धतियों की जानकारी देकर उन्हें आत्मनिर्भर और तकनीकी रूप से सशक्त बनाना। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. आर.एन. पडारिया, संयुक्त निदेशक (प्रसार), भाकृअनुप–आईएआरआई,