×

IFFCO ने FY 2024-25 में 3,811 करोड़ रुपये का प्री-टैक्स लाभ कमाया, नैनो उर्वरकों की बिक्री में 47% की वृद्धि

31 May, 2025 01:44 PM

देश की अग्रणी सहकारी संस्था IFFCO (इफको) ने वित्तीय वर्ष 2024-25 में 3,811 करोड़ रुपये का कर-पूर्व लाभ (Profit Before Tax) अर्जित करते हुए एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि दर्ज की है।

FasalKranti
Emren, समाचार, [31 May, 2025 01:44 PM]
194

देश की अग्रणी सहकारी संस्था IFFCO (इफको) ने वित्तीय वर्ष 2024-25 में 3,811 करोड़ रुपये का कर-पूर्व लाभ (Profit Before Tax) अर्जित करते हुए एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि दर्ज की है। इस दौरान संस्था ने नैनो उर्वरकों की बिक्री में 47% की अभूतपूर्व वृद्धि दर्ज की। FY 2024-25 में IFFCO ने कुल 365.09 लाख बोतल नैनो उर्वरक बेचे, जबकि पिछले वर्ष यह संख्या 248.95 लाख बोतल थी।


IFFCO ने इस वर्ष कुल ₹41,244 करोड़ का कारोबार किया, जो सहकारिता क्षेत्र की सफलता को दर्शाता है। चेयरमैन दिलीप संघानी ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि यह विकास "सहकार से समृद्धि" के विजन को साकार करता है। उन्होंने बताया कि संस्था लगातार तीन वर्षों से ₹3,000 करोड़ से अधिक का मुनाफा अर्जित कर रही है और लगातार 23 वर्षों से अपने सदस्यों को 20% लाभांश दे रही है, जो इसकी पारदर्शिता और स्थायी विकास के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
IFFCO के नैनो उर्वरक कार्यक्रम को रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय का समर्थन प्राप्त है। संस्थान ने व्यापक जनजागरूकता कार्यक्रम और अनुसंधान के माध्यम से किसानों में इन उत्पादों की स्वीकार्यता बढ़ाई है।
FY 2024-25 में बेचे गए 365 लाख बोतलों में से:
• 268 लाख बोतलें IFFCO नैनो यूरिया प्लस (लिक्विड) की थीं, जो पिछले वर्ष की तुलना में 31% अधिक है।
• 97 लाख बोतलें IFFCO नैनो डीएपी (लिक्विड) की थीं, जो कि 118% अधिक है।

इनकी पारंपरिक उर्वरकों के बराबरी की बात करें तो यह मात्रा 12 लाख मीट्रिक टन यूरिया और 4.85 लाख मीट्रिक टन डीएपी के बराबर है।
इसके अलावा:
• WSF/स्पेशलिटी फर्टिलाइजर/Sagarika ग्रेन्युल की कुल बिक्री 1.92 लाख मीट्रिक टन रही।
• Sagarika लिक्विड की बिक्री 11.55 लाख लीटर (33% वृद्धि),
• Sagarika ग्रेन्युल की बिक्री 68,000 MT (28% वृद्धि),
• बायो-फर्टिलाइजर की बिक्री 8.61 लाख लीटर (35% वृद्धि) रही।

IFFCO के प्रबंध निदेशक डॉ. यू. एस. अवस्थी ने घोषणा की कि जल्द ही संस्था Nano NPK Granular Fertiliser लॉन्च करेगी, जिसमें मैग्नीशियम, सल्फर, जिंक और कॉपर जैसे सूक्ष्म पोषक तत्व शामिल होंगे। यह उर्वरक फसल उत्पादकता बढ़ाने और पोषक तत्वों की बर्बादी रोकने में मदद करेगा। साथ ही लिक्विड नैनो यूरिया प्लस और लिक्विड नैनो डीएपी के साथ मिलकर यह पारंपरिक रासायनिक उर्वरकों का विकल्प बनेगा।
IFFCO जल्द ही लिक्विड नैनो जिंक और नैनो कॉपर को भी 100 मि.ली. की बोतलों में लॉन्च करेगा ताकि सूक्ष्म पोषक तत्वों की आवश्यकता को पूरा किया जा सके।IFFCO कृषि क्षेत्र में नवाचार के लिए नैनो टेक्नोलॉजी, ड्रोन और AI तकनीकों को भी अपना रहा है। IFFCO के नैनो उर्वरक ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी ध्यान आकर्षित किया है और ब्राज़ील, केन्या और अमेरिका जैसे देश इसे अपनाने में रुचि दिखा रहे हैं।
IFFCO वर्तमान में 40 देशों में अपनी उपस्थिति दर्ज कर चुका है, जिनमें अमेरिका, ब्राज़ील, स्लोवेनिया, मॉरीशस, ज़ाम्बिया, नेपाल और बांग्लादेश शामिल हैं।अंत में डॉ. अवस्थी ने 'देशी बीजों' के संरक्षण पर बल देते हुए कहा कि IFFCO ने कलोल इकाई में एक अत्याधुनिक 'सीड इनोवेशन सेंटर' स्थापित करने की योजना बनाई है, जिससे स्वदेशी नवाचार को बढ़ावा मिलेगा।


Tags : Latest News | Agriculture | Himachal | Farming | Iffco

Related News

बेंगलुरु में 6–7 मार्च को MY Bharat–NSS चिंतन शिविर, केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया करेंगे उद्घाटन

रबी फसल के बाद खेत खाली न छोड़ें किसान, गर्मियों में गहरी जुताई से बढ़ेगी खरीफ की पैदावार

पीएम किसान योजना: 22वीं किस्त का इंतजार खत्म होने की उम्मीद, किसानों को जल्द मिल सकते हैं 2000 रुपये

नेपाल चुनाव 2026: युवा लहर के बीच बालेन शाह आगे, पारंपरिक दलों को कड़ी चुनौती

नीति आयोग और यूनिसेफ इंडिया मिलकर सुधारेंगे आकांक्षी जिलों में पोषण व स्वास्थ्य सेवाएं

पालघर गैस रिसाव मामले पर NHRC ने लिया स्वत: संज्ञान, महाराष्ट्र सरकार से मांगी रिपोर्ट

ग्रामीण विकास मंत्रालय और MY Bharat मिलकर शुरू करेंगे ‘VB-G RAM G यूथ डिजिटल अभियान’, युवाओं को मिलेगा देशव्यापी मंच

जन्मदिन को बनाया सेवा का संकल्प: शिवराज सिंह चौहान ने शुरू की जनकल्याण की 5 बड़ी पहलें

Dhan Ki Kheti: सही प्रबंधन से बेहतर फसल और मुनाफा

नए एग्रीबिज़नेस मॉडल की ओर बढ़ता भारत

ताज़ा ख़बरें

1

Dhan Ki Kheti: सही प्रबंधन से बेहतर फसल और मुनाफा

2

नए एग्रीबिज़नेस मॉडल की ओर बढ़ता भारत

3

नई कृषि-क्षेत्र योजना से 100 पिछड़े जिलों को बढ़ावा मिलेगा

4

केंद्र ने फसल कटाई के बाद की संपत्तियों को बढ़ावा देने के लिए 84,000 करोड़ रुपये को मंजूरी दी

5

Netafim ने Amazon India के साथ मिलकर जल प्रबंधन प्रोजेक्ट शुरू करने की घोषणा की

6

भारत दुनिया का सबसे बड़ा चावल उत्पादक देश बना

7

यूपी में 156 एग्री स्टार्टअप्स का कमाल: डिजिटल खेती से बढ़ रही किसानों की आय, गांवों तक पहुंच रही आधुनिक कृषि सेवाएं

8

भारत मंडपम में 10 मार्च को होगा चौथा प्लांट-बेस्ड फूड्स समिट, टिकाऊ खाद्य प्रणाली पर होगा मंथन

9

डीडीयू में तैयार हो रही हाईटेक नर्सरी, आधुनिक तकनीक से तैयार होंगे पौधे; पूर्वांचल के किसानों और छात्रों को मिलेगा लाभ

10

Kanthalloor Apple Farm केरल में उगते सेबों की दिलचस्प कहानी


ताज़ा ख़बरें

1

Dhan Ki Kheti: सही प्रबंधन से बेहतर फसल और मुनाफा

2

नए एग्रीबिज़नेस मॉडल की ओर बढ़ता भारत

3

नई कृषि-क्षेत्र योजना से 100 पिछड़े जिलों को बढ़ावा मिलेगा

4

केंद्र ने फसल कटाई के बाद की संपत्तियों को बढ़ावा देने के लिए 84,000 करोड़ रुपये को मंजूरी दी

5

Netafim ने Amazon India के साथ मिलकर जल प्रबंधन प्रोजेक्ट शुरू करने की घोषणा की

6

भारत दुनिया का सबसे बड़ा चावल उत्पादक देश बना

7

यूपी में 156 एग्री स्टार्टअप्स का कमाल: डिजिटल खेती से बढ़ रही किसानों की आय, गांवों तक पहुंच रही आधुनिक कृषि सेवाएं

8

भारत मंडपम में 10 मार्च को होगा चौथा प्लांट-बेस्ड फूड्स समिट, टिकाऊ खाद्य प्रणाली पर होगा मंथन

9

डीडीयू में तैयार हो रही हाईटेक नर्सरी, आधुनिक तकनीक से तैयार होंगे पौधे; पूर्वांचल के किसानों और छात्रों को मिलेगा लाभ

10

Kanthalloor Apple Farm केरल में उगते सेबों की दिलचस्प कहानी